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निर्भया गैंग रेप केस के आरोपी ने फिर से की आत्महत्या की कोशिश, इस बार पिन निगला, पढ़े रिपोर्ट

मुख्य  बिंदु :-
  1. निर्भया गैंग रेप  के दोषी विनय शर्मा  ने स्‍टेपल पिन निगलने की कोशिश की .
  2. जेल कर्मचारियों ने समय रहते उसे ऐसा करने से रोका.
  3. दोषी विनय शर्मा का  हॉस्पिटल हॉस्पिटल में इलाज करवाया गया। 
  4. पहले भी विनय शर्मा ने  दीवार पर सिर मारकर खुद को घायल करने की कोशिश  की थी।
  5. धिकारियों ने बताया  कि डेथ वारंट जारी होने के बाद से विनय का व्यवहार हिंसक हो गया है.
  6. पुलिस ने विनय शर्मा और अक्षय ठाकुर के परिवार को मिलने की आखरी नोटिस भेजी 




विनय शर्मा ने फिर किया खुद को घायल :
निर्भया गैंग रेप और मर्डर  मामले के दोषी विनय शर्मा (Vinay Sharma) ने स्‍टेपल पिन निगलने की कोशिश की है. जेल कर्मचारियों ने समय रहते उसे ऐसा करने से रोका. इसके बाद तिहाड़ जेल के अधिकारी विनय को जेल हॉस्पिटल भी ले गए और उसका इलाज करवाया गया. आपको बता दें कि कुछ दिन पहले ही उसने दीवार पर सिर मारकर खुद को घायल करने की कोशिश की थी.


डेथ वारंट जारी होने के बाद से विनय का व्यवहार हिंसक :
जेल के अफसरों ने शनिवार को विनय शर्मा और अक्षय ठाकुर के परिवार को नोटिस भेजकर उन्हें आखिरी मुलाकात करने को कहा है.  मुकेश सिंह और पवन गुप्ता की अपने पारिवारिक सदस्यों से आखिरी मुलाकात 31 जनवरी को ही गई थी. तिहाड़ जेल के एक अधिकारी ने कहा कि उन्होंने अक्षय और विनय से पूछा कि वे किस दिन आखिरी मुलाकात करना चाहते हैं? अधिकारी ने बताया कि हर हफ्ते दो बार नियमित मुलाकात की सुविधा जारी है.अधिकारियों ने बताया है कि डेथ वारंट जारी होने के बाद से विनय का व्यवहार हिंसक हो गया है. जेल अथॉरिटीज ने बताया कि जेल में विनय की शारीरिक और मानसिक हालत स्थिर है. मामले में फांसी की सजा पाए चारों दोषियों पर चौबीसों घंटे निगरानी रखी जा रही है और सीसीटीवी के जरिए अधिकारी भी उनकी सतत निगरानी कर रहे हैं.


1 मार्च को दोषियों को होनी है  फांसी 
सूत्रों ने कहा कि चारों दोषी (मुकेश, अक्षय, विनय और पवन रोज) की तरह खाना खा रहे हैं. हालांकि, भोजन की मात्रा कम हो गई है. 1 मार्च को नया डेथ वॉरंट जारी होने के बाद विनय शर्मा के व्यवहार में बड़ा बदलाव देखा जा रहा है. पिछली बार दोषी के परिवार के तीन या उससे अधिक सदस्यों को मिलने की अनुमति दी गई थी.




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Hyderabad Encounter : गैंगरेप आरोपियों के एनकाउंटर के बाद हैदराबाद पुलिस पर बरसे फूल, महिलाओं ने बांधी राखी.




नमस्कार दोस्तों आप सबका स्वागत है भारत आइडिया के इस  नए संस्करण के समाचार लेख में। भारत आइडिया के पाठकों आज इस लेख में हम बात करेंगे Hyderabad Encounter : गैंगरेप आरोपियों के एनकाउंटर के बाद हैदराबाद पुलिस पर बरसे फूल, महिलाओं ने बांधी राखी.

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हैदराबाद में हुए पशु चिकित्सक से रेप और फिर जिंदा जलाकर नृशंस हत्या के मामले में कार्रवाई के दौरान चारों आरोपियों की पुलिस एनकाउंटर में मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि आरोपियों को सीन रिक्रिएट करने के लिए वारदात वाले स्थान पर ले जाया गया था जहां से उन्होंने भागने की कोशिश की तो एनकाउंटर में चारों की मौत हो गई। बता दें कि य़े खबर सामने आने के बाद से हैदराबाद की पीड़िता के पड़ोसियों ने पुलिस को राखी बांधकर धन्यवाद किया है। 




दरअसल यहां बता दें कि आरोपी ठीक उसी फ्लाइओवर के नीचे मारे गए हैं जहां वेटरनरी डॉक्टर को जिंदा जलाया गया था। इस मामले में पुलिस ने सोमवार को अदालत में याचिका दाखिल करके आरोपियों की दस दिनों की हिरासत की मांग की थी। लगातार तीन दिनों तक अभियोजन पक्ष की दलीलें सुनने के बाद सात दिनों की पुलिस हिरासत दे दी गई।



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हैदराबाद गैंगरेप के चारों आरोपियों को पुलिस ने एनकाउंटर में मार गिराया.




नमस्कार दोस्तों आप सबका स्वागत है भारत आइडिया के इस  नए संस्करण के समाचार लेख में। भारत आइडिया के पाठकों आज इस लेख में हम बात करेंगे हैदराबाद गैंगरेप में पुलिस ने चारों आरोपियों को  एनकाउंटर में मार गिराया।

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आईसीसी 
हैदराबाद गैंगरेप के चारों आरोपियों को पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया है. यह एनकाउंटर नेशनल हाइवे-44 के पास गुरुवार देर रात हुआ. पुलिस आरोपियों को एनएच-44 पर क्राइम सीन रिक्रिएट कराने के लिए लेकर गई थी. पुलिस के मुताबिक चारों आरोपियों ने मौके से भागने की कोशिश की. पुलिस ने चारों आरोपियों को ढेर कर दिया है.बता दें कि 27-28 नवंबर की दरम्यानी रात को हैदराबाद में महिला डॉक्टर के साथ हैवानियत की वारदात को अंजाम दिया गया था. महिला डॉक्टर का जला शव बेंगलुरु हैदराबाद राष्ट्रीय राजमार्ग पर अंडरपास के करीब मिला था.

पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था. पुलिस ने आरोपियों को कोर्ट में पेश किया था, जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया. जिसके बाद हैदराबाद पुलिस ने हिरासत की मांग की तो आरोपियों को 7 दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया गया था. पुलिस आरोपियों को सीन रिक्रिएट कराने के लिए लेकर गई थी. इस दौरान पुलिस मुठभेड़ में चारों आरोपी मारे गए.




दरअसल महिला डॉक्टर की स्कूटी पंक्चर पंक्चर हो गई थी. जब वह स्कूटी पार्क कर रही थी, तभी चारों दरिंदों ने हैवानियत की वारदात को अंजाम दिया था. इसके बाद चारों आरोपियों ने डॉक्टर के साथ दरिंदगी की और गला दबाकर हत्या कर दी थी. इसके बाद रेप पीड़िता के शव को जला दिया गया था. हैदराबाद की इस रेप और मर्डर की घटना के बाद जहां एक ओर पूरे देश में गुस्सा है तो वहीं संसद में इस मामले की गूंज सुनाई दे रही है.

महिला डॉक्टर के पिता ने कहा था कि दोषियों को जितना जल्दी संभव हो सजा देनी चाहिए. कई कानून बनाए गए लेकिन उनका पालन नहीं हो रहा है. उन्होंने निर्भया केस के दोषियों को अबतक फांसी नहीं दिए जाने का हवाला देते हुए मांग की है कि गुनहगारों को जल्द से जल्द सजा दी जाए. पीड़िता के पिता का कहा था कि अपराध करने वालों की उम्र बेहद कम है, लेकिन उन्होंने बड़ा काम किया है. वे अपराधी हैं और उन्हें जल्द से जल्द सजा मिलनी चाहिए. पीड़िता की मां का कहना है कि बेटी को जिस तरह से जलाया गया उसी तरह अपराधियों को भी जलाया जाए.



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रात में टहल रही दो बहनों के साथ 8 लोगों ने किया बलात्कार : नीतीश कुमार अभी खामोश




नमस्कार दोस्तों आप सबका स्वागत है भारत आइडिया के इस  नए संस्करण के समाचार लेख में। भारत आइडिया के पाठकों आज इस लेख में हम बात करेंगे ऐसे कुकर्म के बारे में जिसको सोच आपकी रूह कांप जाएंगी ।

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बिहार में सड़क किनारे टहल रहीं दो सगी बहनों से आठ लोगों के रेप करने का मामला सामने आया है. आरोपियों ने घटना के दौरान लड़कियों का वीडियो भी बना लिया. शुक्रवार को पीड़ित बहनों ने पुलिस को घटना की जानकारी दी.ये मामला बिहार के सीतामढ़ी जिले के कन्हौली क्षेत्र का है. मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, गुरुवार की रात 8 बजे दोनों नाबालिग लड़कियां सड़क पर टहल रही थीं. इसी दौरान एक महिला ने उन्हें सरेह की तरफ चलने को कहा.

महिला के साथ आगे बढ़ने के कुछ देर बाद ही आरोपियों ने लड़कियों को पकड़ लिया और उन्हें अपने साथ ले गए. आठ युवकों ने लड़कियों के साथ रेप किया. हालांकि, जिस महिला के साथ लड़कियां टहल रही थीं, वह भाग निकली.




बुरी हालत में लड़कियों के घर पहुंचने पर मां को घटना की जानकारी मिली. पीड़ित लड़कियों के बयान पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया. लड़कियों को मेडिकल जांच के लिए सदर अस्पताल ले जाया गया. एक अखबार की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने कमलेश कुमार, अनिल कुमार, सुजीत कुमार, नागेंद्र कुमार, राजू कुमार, पशुराम कुमार व गोविंदा कुमार के खिलाफ मामला दर्ज किया है. गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापे मार रही है. 



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कठुआ रेप केस में भारतीय कानून के तहत नहीं बल्कि रणबीर दंड संहिता के तहत सजा क्यूं मिली ?




बता दें कि आईपीसी यानी इंडियन पीनल कोड या भारतीय दंड संहिता के प्रावधान जम्मू और कश्मीर राज्य को छोड़कर देश के सभी राज्यों में लागू होते हैं.ऐसे में ये सवाल पूछा जा सकता है कि जम्मू और कश्मीर राज्य में अगर आईपीसी लागू नहीं होता तो इसकी ग़ैरमौजूदगी में ये कैसे तय किया जाता है कि क्या अपराध है और क्या नहीं और किस अपराध के लिए क्या सज़ा दी जा सकती है.रणबीर पीनल कोड इसी सवाल का जवाब है. हम इसे ऐसे समझ सकते हैं कि जम्मू और कश्मीर राज्य में आईपीसी की जगह आरपीसी लागू होता है जिसे भारतीय दंड संहिता के तर्ज पर ही तैयार किया गया था.चूंकि संविधान का अनुच्छेद 370 जम्मू और कश्मीर राज्य को स्वायत्ता का दर्जा देता है, इसलिए भारत संघ के सभी क़ानून इस राज्य में सीधे लागू नहीं होते.




अनुच्छेद-370 के तहत जम्मू-कश्मीर एक स्वायत्त राज्य है और भारतीय संघ के सभी कानून इस राज्य में सीधे लागू नहीं होते। इसके चलते राज्य में भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की जगह रणबीर दंड संहिता (आरपीसी) लागू होती है। कठुआ मामले की सुनवाई पंजाब में होने के बावजूद अपराध का क्षेत्र जम्मू-कश्मीर होने के कारण आरपीसी के तहत सज़ा दी गई।






MeToo मामले में सलमान की पूर्व प्रेमिका का आरोप 14 साल की उम्र में हुआ रेप

नमस्कार दोस्तों आपका स्वागत है भारत आइडिया में, तो दोस्तों आज हम बात करने वाले हैं MeToo मामले पर जिसमें सलमान की पूर्व प्रेमिका ने यह आरोप लगाया है कि उनका 14 साल की उम्र में बलात्कार हुआ था.

MeToo मामले में सलमान की पूर्व प्रेमिका का आरोप 14 साल की उम्र में हुआ रेप

जी हां दोस्तों आपने सही सुना सलमान खान की कथित पूर्व प्रेमिका सोमी अली ने इंस्टाग्राम पर बताया है कि 5 वर्ष की उम्र में उनका यौन शोषण और 14 वर्ष की उम्र में बलात्कार हुआ था.

बतौर सोमी अली ने यह कहा की मुझे पता है शोषण के खिलाफ आवाज उठाना काफी मुश्किल होता है शायद इसीलिए मुझे इस बारे में बात करने में इतने वर्ष लग गये.

बहरहाल जो भी हो लेकिन हमारे देश भारतवर्ष में महिलाएं अब खुलकर अपनी आवाज उठा रही है जोकि एक अच्छा संकेत है उन लोगों के लिए जो महिलाओं को एक वस्तु के रूप से ज्यादा कुछ नहीं समझते, यह एक जवाब है उनको जो महिलाओं के साथ आए दिन दूर व्यवहार करते रहते हैं.

भारत आइडिया सरकार से यह दरख्वास्त करता है कि जिन महिलाओं ने भी इस मामले में अपनी आवाज उठाई है उसकी जांच कर अपराधियों को सजा दे.

संपादक : विशाल कुमार सिंह

गुजरात रेप कांड माता पिता ने कहा मेरा बेटा मंदबुद्धि है।

गुजरात के बहुचर्चित रेप कांड का आरोपी रविंद्र शाह गोंड मंदबुद्धि युवक है। यह उसके परिवार के लोगों का कहना है। उसकी मां रामावती देवी का कहना है कि यदि उसका बेटा दोषी है तो उसे सजा जरूर दी जाए पर बिहारियों को छोड़ दिया जाए। 
गुजरात रेप कांड माता पिता ने कहा मेरा बीटा मंदबुद्धि है।  

आरोपी ने १४ साल की बच्ची के साथ रेप किया है, दलित परिवार से ताल्लुक रखने वाले आरोपी का पिता सवालिया शाह मजदूरी करते हैं। बेटे के अपराध की जानकारी मिलने के बाद पूरा परिवार हैरान है। आरोपी के पिता का कहना है कि मेरा बेटा नाबालिक है और मंदबुद्धि का है, क्योंकि वह कई बार अस्वाभाविक व्यवहार करता था,और यह ४ भाइयों में से तीसरे स्थान पर है। 

बता दे इस रेप की घटना के बाद से गुजरात में यूपी और बिहार के लोगों को प्रदेश छोड़ देने की बात धमकी दी गई। इन धमकियों के बाद से दहशत में करीब २०,०००बिहार और यूपी के लोग वापस अपने प्रदेश लौटे आएं।
बेटा 

संपादक: आशुतोष उपाध्याय

मेरे बेटे को फांसी दो लकिन दूसरे बिहारियों को मत मारो : रेप आरोपी की माँ

आपको जैसा की पता होगा बीते कुछ दिन पहले गुजरात में एक 14 महीने की बच्ची के साथ बलात्कार की घटना सामने आयी थी जिसके कारण गुजरात में बिहारियों पर हमले होने शुरू हो गए थे और इसी बिच रेप आरोपी की माँ ने सरकार से गुहार लगाई है।

मेरे बेटे को फांसी दो लकिन दूसरे बिहारियों को मत मारो : रेप आरोपी की माँ


दरअसल जीस 14 महीने की बच्ची के साथ बलात्कार हुआ था उसका मुख्य आरोपी बिहार का रहने वाला था, बस इसी को गुजरात में कांग्रेस ने मुद्दा बनवाकर कांग्रेसी गुंडों द्वारा बिहारी तथा उत्तरप्रदेश के लोगो पर हमला शुरू करवा दिया।

इसी बिच आरोपी की माँ ने ये गुहार लगाई है की अगर मेरा बीटा दोषी है तो उसको फांसी दो लेकिन राज्य में रह रहे अन्य बिहारी लोगो को मत निशाना बनाओ।

आरोपी के पिता ने कहा की मेरा बीटा नाबालिग है और दिमागी रूप से कमजोर है सो उसकी करनी की सजा अन्य बिहारियों को नहीं मिलनी चाहिए।

सम्पादक : विशाल कुमार सिंह 

बलात्कार के मामलों की जल्द सुनवाई के लिए कानून मंत्रालय की योजना / Law Ministry's plan for early hearing of rape cases

प्रस्तावित योजना में आधारभूत ढांचा और अभियोजन तंत्र को मजबूत करने, निचली अदालतों के लिए न्यायिक अधिकारियों की आवश्यक संख्या, लोक अभियोजकों के अतिरिक्त पदों, विशेष जांचकर्ताओं और खास फोरेंसिक किटों के प्रावधान शामिल होंगे।



विधि मंत्रालय बलात्कार के मामलों की जल्दी सुनवाई के लिए देश भर में फास्ट ट्रैक अदालतों की स्थापना तथा बेहतर अनुसंधान एवं त्वरित अभियोजन के लिए बुनियादी ढांचों को मजबूत बनाने के लिए जल्द ही एक योजना का प्रस्ताव करेगा.

दुष्कर्म के मामलों से संबंधित अनुसंधान और अभियोजन को मजबूत बनाने के लिए नयी योजना हाल ही में जारी एक अध्यादेश का हिस्सा है जिसके तहत अदालतें १२ साल तक की बच्चियों के साथ बलात्कार के मामलों में अभियुक्तों को मौत की सजा सुना सकती हैं. आपराधिक कानून (संशोधन) अध्यादेश में आईपीसी, सीआरपीसी, साक्ष्य कानून और बच्चों को यौन अपराध से सुरक्षा कानून में संशोधन किया गया.

प्रस्तावित योजना में आधारभूत ढांचा और अभियोजन तंत्र को मजबूत करने, निचली अदालतों के लिए न्यायिक अधिकारियों की आवश्यक संख्या, लोक अभियोजकों के अतिरिक्त पदों, विशेष जांचकर्ताओं और खास फोरेंसिक किटों के प्रावधान शामिल होंगे।


कानून मंत्रालय में सचिव (न्याय) ने कैबिनेट सचिव पीके सिन्हा को हाल ही में लिखे एक पत्र में कहा कि न्याय विभाग ने योजना तैयार करने के लिए कार्रवाई शुरू करते हुए यह महसूस किया कि उचित होगा कि यह योजना गृह मंत्रालय लागू करे. क्योंकि अधिकतर कार्य गृह मंत्रालय से जुड़े हैं. उन्होंने कहा कि कानून मंत्रालय इस मुद्दे को गृह मंत्रालय के साथ उठाएगा. इस प्रस्ताव के जल्दी ही कैबिनेट के समक्ष आने की उम्मीद है।

कठुआ और सूरत में बच्चियों के साथ दुष्कर्म की घटनाओं के बाद देशव्यापी रोष के बीच सरकार ने अप्रैल में अध्यादेश जारी किया था. अध्यादेश के अनुसार ऐसे मामलों से निपटने के लिए नए फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित किए जाएंगे और बलात्कार के मामलों के लिए सभी पुलिस स्टेशनों और अस्पतालों को विशेष फोरेंसिक किट दिए जाएंगे।