राहुल गांधी हैं अपने फैसले पर अडिग, ये नेता हो सकते हैं कांग्रेस के नए अध्यक्ष, ऐलान जल्द!

नमस्कार दोस्तों आप सबका स्वागत है भारत आइडिया के इस  नए संस्करण के समाचार लेख में। भारत आइडिया के पाठकों आज इस लेख में हम बात करेंगे कांग्...




नमस्कार दोस्तों आप सबका स्वागत है भारत आइडिया के इस  नए संस्करण के समाचार लेख में। भारत आइडिया के पाठकों आज इस लेख में हम बात करेंगे कांग्रेस के उस अहम मुद्दे पर जिसका जवाब खुद कांग्रेस भी लोकसभा चुनाव के बाद से तलाश रही है।जीहां आप सही सोच रहे है, नेतृत्व कौन करेगा कांग्रेस का ।

समाचार पढ़ने से पहले एक गुजारिस है, हमारे फेसबुक पेज को  लाइक कर हमारे साथ जुड़े। 



कांग्रेस पार्टी के आलाकमान में फेरबदल हो सकता है। लोकसभा चुनाव में करारी हार के बाद से पार्टी के अध्यक्ष राहुल गांधी लगातार अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने को अड़े हुए हैं और अपने फैसले पर अडिग हैं। कांग्रेस के हर दिग्गज नेता ने उन्हें मनाने की कोशिश की है। अब खबर है कि पार्टी को जल्द नया अध्यक्ष मिल सकता है और वह गांधी परिवार का नहीं होगा।

एनबीटी की रिपोर्ट के अनुसार, राजस्थान के मुख्यमंत्री और कांग्रेस के दिग्गज नेता अशोक गहलोत पार्टी के अध्यक्ष बनाए जा सकते हैं। हालांकि इसको लेकर अभी तस्वीर साफ नहीं हो सकी है। लेकिन, रिपोर्ट में दावा किया गया है कि पार्टी को नया अध्यक्ष जरूर मिलेगा, जोकि गांधी परिवार से नहीं होगा।




बीते दिन कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी का जन्मदिन था और उन्हें बधाई देने के लिए अशोक गहलोत भी पहुंचे थे। इस दौरान गहलोत ने उसने पार्टी का अध्यक्ष बने रहने के लिए अनुरोध किया, लेकिन राहुल गांधी अपने निर्णय पर डटे हुए हैं। वह पार्टी की कमान अपने पास नहीं रखना चाहते हैं। कहा जा रहा है कि राहुल गांधी चाहते हैं कि पार्टी को नए सिरे से खड़ा करने के लिए एक नए अध्यक्ष की जरूरत है और जब तक वह नहीं मिलेगा तब तक पार्टी खड़ी नहीं हो सकती है।  

इसके अलावा यह भी कहा जा रहा था कि अगर राहुल गांधी पार्टी के अध्यक्ष नहीं रहते हैं तो यह पद पार्टी की महासचिव प्रियंका गांधी को दिया जा सकता है, लेकिन उस पर भी राहुल गांधी ने साफ कर दिया कि वे ऐसा करने नहीं जा रहे हैं और जो भी पार्टी का अध्यक्ष होगा वह गैर गांधी परिवार से होगा।  

इधर, अशोक गहलोत को लेकर राहुल गांधी इसलिए मन बना रहे हैं कि उनके पास संगठन चलाने का लंबा अनुभव रहा है और पार्टी ने उन्हें जो जिम्मेदारी दी उस पर उन्होंने अधिकतर वार बेहतर प्रदर्शन किया। इसके साथ-साथ गहलोत पिछड़ी जाति से भी आते हैं और कांग्रेस अपनी खोई जमीन को वापस पाने के लिए इस नाम के सहारे आगे बढ़ सकती है। 




आपकी इस समाचार पर क्या राय है,  हमें निचे टिपण्णी के जरिये जरूर बताये और इस खबर को शेयर जरूर करे। 



INSTALL OUR APP FOR 60 WORDS NEWS